दमोह में मीथेन का भंडार बोरिंग से निकल रही आग; 24 गांवाेंं में गैस का भंडार, 8 कुओं की और तलाश
ओएनजीसी को दमोह जिले के हटा के 24 गांवों में मीथेन गैस मिली है। यहां 1120 करोड़ रुपए खर्च कर 28 कुएं खोदे गए थे। सेमरा रामनगर गांव में एक कुएं में डेढ़ किमी गहराई पर ज्वलनशील गैस निकली। ओएनजीसी की टीम यहां लंबे समय से जांच कर रही थी। क्षेत्र के लोगों ने उन्हें अपने बोरिंग दिखाए, जिनमें से गैस निकल रही है और आग पकड़ रही है। इसके बाद जांच तेज हुई।
कमता गांव में 12 किसानों के खेतों में बोरिंग में गैस निकल रही है। ओएनजीसी के वैज्ञानिक डॉ. एनपी सिंह का कहना है कि अब पुख्ता रूप से गैस मिली है। इसके उपयोग को लेकर कार्ययोजना बनाई जा रही है। काईखेड़ा और पथरिया के बोतराई में भी गैस मिली है।
भास्कर ओरिजिनल : 1.5-2.2 किमी गहराई में है गैस
24 गांवाेंं में गैस का भंडार
8495 करोड़ लीटर मीथेन की आस
08 कुओं की और तलाश
वजह... प्रचुर मात्रा में रहा है जीवाश्म
अधिकारियों के मुताबिक दमोह में 10 से 20 हजार साल पहले जीवाश्म बहुत प्रचुर मात्रा में रहा। मरे जीव-जंतुओं के अवशेष में ज्यादा मात्रा में मौजूद तेल का समय पर दोहन नहीं हो पाया और अब वह गैस में तब्दील हो गया है।