तीसरी लहर – नर्सिंग कॉलेजों ने बेड उपलब्धता नहीं की उनकी अवैध इमारत तोड़ी जाएगी, सम्पत्ति अटैच होगी, रासुका लगाकर जेल भेजा जाएगा
ग्वालियर. कोविड-19 संक्रमण के बाद सभी विभागीय अधिकारी अपने-अपने विभागीय कार्यों में पूरी गति के साथ संचालित करें। निर्माण कार्यों में भी तेजी लाई जाए, वहीं तीसरी लहर के लिए जिन नर्सिंग कॉलेजों ने अभी तक बेड उपलब्धता नहीं की है उनकी अवैध इमारत तोड़ी जाएगी संचालक की सम्पत्ति अटैच होगी और रासुका लगाकर जेल भेजा जाएगा। कलेक्टर कौशलेन्द्र सिंह ने अंतर विभागीय समन्वय समिति की बैठक में विभागीय अधिकारियों को यह निर्देश दिए।
कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि कोविड के कारण नियमित विभागीय कार्य के संचालन में बाधा आई है। स्वीकृत निर्माण कार्य भी एजेंसियां पूरी गति के साथ पूर्ण करें। कलेक्टर ने तीसरी लहर की आशंका व तैयारियों के संबंध मे भी विस्तार से समीक्षा की। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए है कि शहर में संचालित सभी नर्सिग कॉलेजों में 100-100 बेड के अस्पताल तैयार कराए जाएं, जो नर्सिंग कॉलेज 100 बिस्तर का अस्पताल तैयार नहीं करें उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए।
बिना अनुमति बने नर्सिंग कॉलेज का भवन तोड़ा
वहीं केदारपुर में बिना अनुमति बना गुरूनानक नर्सिंग कॉलेज में बने भवन को नगर निगम अमले ने सोमवार को तोड़ दिया। प्रभारी सीएएमचओ सिंघल ने बताया कि प्रशासन ने कोरोना की दूसरी लहर में नर्सिंग कॉलेजों को कोविड मरीज के लिए अस्पताल तैयार करने के लिए कहा था। दूसरी लहर समाप्ति के बाद भी अस्पताल तैयार नहीं हुए तो तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए जून तक सभी नर्सिंग कॉलेज को मरीज रखने के लिए अस्पताल तैयार करने के निर्देश दिए थे। इस बार भी जिन नर्सिंग कॉलेजों ने अपने अस्पताल तैयार किए उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। गुरूनानक नर्सिंग कॉलेज के संचालक ने लिखकर दे दिया था कि उनका पंजीयन निरस्त किया जाए इस पर स्वास्थ्य विभाग ने पंजीयन निरस्त कर दिया था तब कलेक्टर ने निर्देश जारी किए कि अवैध रूप से बनाए गए नर्सिंग कॉलेजों पर कार्रवाई की जाए।