ग्वालियर के 66 वार्डों में 1000 पुरुषाें पर सिर्फ 887 महिला वाेटर, जबकि भोपाल में 925 और इंदाैर में सबसे ज्यादा 956

नगर सरकार के लिए अभी तारीखें तय नहीं हुईं हैं लेकिन मतदाता सूची फाइनल हो चुकी है, लेकिन नगर सरकार को चुनने में ग्वालियर में महिला मतदाताओं की भागीदारी प्रदेश के इंदाैर और भाेपाल की तुलना में कम रहेगी। वजह- यहां पुरुषाें के मुकाबले में महिला वोटरों की संख्या काफी कम है।

इंदौर में एक हजार पुरुषों पर 956 महिला वोटर हैं जबकि भोपाल में यही संख्या प्रति हजार 925 है, लेकिन ग्वालियर में एक हजार पुरुष मतदाताओं पर सिर्फ 887 महिला वोटर हैं। यह आंकड़ा जिले के छह अन्य छोटे-छोटे निकायों की तुलना में भी कम है।

सबसे कम वोटर वार्ड 66 में

नाैगांव स्थित वार्ड 66 में सबसे कम अर्थात 7714 वोटर हैं। इनमें 3413 महिलाएं हैं। सबसे कम केंद्र वार्ड 40 और 59 में रहेंगे।

गांव से आने वाली महिलाओं का नाम वाेटर लिस्ट में नहीं जुड़ने से यह विसंगति
महिला सशक्तिकरण अधिकारी शालीन शर्मा ने कहा कि शहर में पहले से ही पुरुषों की तुलना में महिलाएं कम हैं। पहले प्रति एक हजार पर 875 महिलाएं थीं, जो अब बढ़कर 906 तक पहुंच गई हैं पर इनमें बालिकाएं भी शामिल हैं। श्री शर्मा ने कहा कि महिला वोटर कम होने का मुख्य कारण गांव से शहर काम धंधे या फिर पढ़ाई के लिए आने वाले परिवारों की महिलाओं का वोटर लिस्ट में नाम नहीं लिखवाना है।

वोटर लिस्ट में गड़बड़ी पर 26 ने लगाई अपील

अपर कलेक्टर रिंकेश वैश्य ने कहा कि निकाय चुनाव की वोटर लिस्ट को लेकर कुल 26 अलग-अलग अपील प्रस्तुत की गई है। इनका परीक्षण चल रहा है। इसके बाद निपटारा किया जाएगा। एसडीएम प्रदीप सिंह तोमर ने कहा कि गली-मोहल्ले बदलने की तीन शिकायतें मिली थीं, उनका निराकरण कर दिया गया है। नगर निगम के अपर आयुक्त आरके श्रीवास्तव ने कहा कि कुल 12 शिकायतें उनके पास पहुंची थीं।