दुर्गेश पाठक कैसे बने राजेंद्र नगर के सिकंदर, कांग्रेस के हाथ से निकलती जा रही दिल्ली

नई दिल्ली: दिल्ली की राजेंद्र नगर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में आम आदमी पार्टी एक बार फिर से सिकंदर साबित हुई है. राजेंद्र नगर सीट पर आम आदमी पार्टी (आप) के दुर्गेश पाठक ने करीब 11 हजार से अधिक वोटों के अंतर से जीत दर्ज की और इस तरह से आम आदमी पार्टी की यह हैट्रिक जीत हुई. वहीं, भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार राजेश भाटिया कमल खिलाने में असफल साबित हुए. राजेंद्र नगर सीट पर हुए उपचुनाव के नतीजों से एक ओर जहां आम आदमी पार्टी गदगद नजर आ रही है, वहीं भाजपा में नेतृत्व को लेकर मंथन का दौर शुरू हो गया है. वहीं, कांग्रेस सियासी फ्रेम से ही गायब होती दिख रही है.

राजेंद्र नगर उपचुनाव में सभी पार्टियों के वोट शेयर
चुनाव आयोग के आधिकारिक आंकड़ों पर गौर करें तो आप नेता दुर्गेश पाठक ने बहुत बड़े अंतर से यह जीत हासिल की है. राजेंद्र नगर सीट पर वोट प्रतिशत के मामले में आम आदमी पार्टी और भाजपा के बीच बड़ा गैप है. आम आदमी पार्टी को जहां 55. 78 फीसदी वोट शेयर हासिल हुए, वहीं भाजपा 39.91 प्रतिशत वोट फीसदी तक ही सिमट कर रह गई. कांग्रेस की स्थिति तो सबसे खराब रही, जिसे इस चुनाव में महज 2.79 फीसदी मतदाताओं का ही साथ मिला. कांग्रेस अपने फेवर में अधिक वोटों को स्विंग कराने में विफल रही, जिसकी वजह से मुकाबला त्रिकोणीय नहीं बन पाया. अगर इस उपचुनाव में मुकाबला त्रिकोणीय होता तो शायद नतीजे कुछ और हो सकते थे.

किसे कितने वोट मिले
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी रणबीर सिंह के मुताबिक, आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार दुर्गेश पाठक ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी भाजपा के राजेश भाटिया को 11 हजार से अधिक मतों के अंतर से हराया. आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, दुर्गेश पाठक को 40,319 मत मिले, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी भाटिया को 28,851 मत प्राप्त हुए. इस तरह आम आदमी पार्टी ने 11,468 मतों के अंतर से जीत हासिल की. जबकि कांग्रेस उम्मीदवार प्रेमलता को महज 2014 वोट ही मिले. इस तरह से कांग्रेस की जमानत भी जब्त हो गई.