कौन बनेगा करोड़पति – गीतासिंह गौर बोली कन्यादान के खिलाफ हूं, महिला सशक्तिकरण की पक्षधर हूं, लक्ष्मी के घर में प्रवेश करने पैर के निशान को प्रिजर्व कर रखूंगी

चम्बल की शेरनी की आवाज मुंबई से लेकर पूरे देश में सुनाई दी। मौका था मंगलवार की रात 9’ बजे सोनी टीवी कौन बनेगा करोड़पति में सुपर स्टार अभिनेता बच्चन के सामने हॉटशीट पर बैठी गीतासिंह गौर पत्नी कुलदीप गौर, अनुपम नगर ग्वालियर। मुंबई में 7 रहने के बाद ग्वालियर लौटी गीता सिंह गौर ने न्यूजमेलटूडे से शेयर की। गीता सिंह गौर से अभिताभ बच्चन 16 प्रशन पूछे उन्होंने बेबाकी से जवाब दिये बिना सोचे और बिना संकोच के दिये और अंत में दो लाइफलाइन शेष बची थी।

श्रीमति गीतासिंह गौर ने बताया कि हम 26 अक्टूबर को ग्वालियर से आईटीपीसीआर टेस्ट कराने के बाद मुंबई पहुंचे तो हमें कौन बनेगा करोड़पति (केबीसी) की टीम ने एयरपोर्ट से रिसीव किया था और इसके बाद मैं और मेरी बेटी का मुंबई में आईटीपीसीआर कराने के 2 दिन के लिये क्वारंटीन किया था। इसके बाद हम 28 अक्टूबर को होटल से ब्रांदा से गोरेगांव स्थित स्टूडियों लेकर पहुंचे। जहां पर हमारा फास्टेश फिंगर में 3 प्रशन पूछे गये जिसमें 3 प्रश्नों का 7 सेकेण्ड में जबाव देने के लिये बाद हमें हॉटसीट पर बुलाया गया।

पहले दिन (28 अक्टूबर ) को मुझसे अभिताभ जी 7 प्रश्न पूछे तो मैंने बिना लाइफलाइन का उपयोग किये 7 प्रश्नों का जबाव देने के पर 40 हजार रूपये जीत कर खेल रही थी।

महिला सशक्तिकरण का संदेश दिया मैंने

मैंने प्रश्नों के जबाव देने के बीच अभिताभ जी बीच -बीच में सवाल करते है तो मैं सोच कर बैठी कि मुझे महिला सशक्तिकरण के संबंध में बोला महिलायें घरों में रहकर घर, रिश्ते, परिवार को संचालित करने में बेहतर मैनेजमेंट करती है।

मैं कन्यादान के खिलाफ हूं

मैं पूरी तरह से कन्यादान के खिलाफ हूं कि अगर मैंने कन्यादान कर दिया तो फिर मायका उसका नहीं रहेगा, वैसे भी बेटी कोई दान देने की वस्तु नहीं है। इसलिये मुझे कन्यादान खलता है। इसलिये मैंने बेटी की शादी में कन्यादान नहीं किया।
लक्ष्मी का घर में प्रवेश (फुटप्रिंट) प्रिजर्व कर रखूंगी

मैं घर में 1 दिसम्बर को बहू घर आयेगी तो मैं पैरों की छाप (फुटप्रिंट) संभालकर घर में रखूंगी। जैसे ही बहू (लक्ष्मी) घर की दहलीज पर आयेगी तो सबसे पहले थाली में सिन्दूर घोल कर बहू को थाली के अंदर खड़ा करूंगी और उसके बाद सफेद कपड़ा पर उसे चलाऊंगी जिससे पैर के निशान बनेंगे। उन पैरों के निशान को संभाल कर रखूंगी।
महिलायें इच्छाओं को न मारे

जो महिलायें पुराने जमाने से लेकर अभी तक पर्दा अंदर रहकर परिवार के संचालन में जुटी हुई है मेरा कहना है कि जब भी आपको अनुकूल समय लगे तो अपनी दक्षता और कुशलता का प्रदर्शन करना चाहिये। इससे इच्छायें प्रबल होती और परिवार का विकास होता है। कहती हूं इच्छाओं को मत मारिये।

दूसरा दिन (29 अक्टूबर) को दिये 9 सवालों के जबाव

दूसरे दिन मैंने हॉटसीट पर बैठने के बाद मैंने अभिताभ के 9 सवालों के जबाव देने के बाद भी मेरे पास 2 लाइफलाइन बाकी थी। जब मैं 13 वें सवाल पर 25 लाख रूपये जीत कर खेल रही थी उस समय मैंने फिफ्टी-फिफ्टी लाइफलाइन का उपयोग किया था।

इसके बाद मैंने 3 सवालों के जवाब और दिये इसके भी मेरे पास 2 महत्वपूर्ण लाईफलाइन बाकी थी। पहली लाइफलाईन ‘‘आस्क दी एक्सपर्ट’’ और दूसरी लाइफलाईन ‘‘फिलिप द क्वाश्चन’’ इस लाइफलाइन के उपयोग करने पर दो सवाल को हटा दिया जाता है प्रतियोगी के पसंद के दो जवाब स्क्रीन पर दिये जाते हैं। इस तरह से मैंने 1 करोड़ रूपये जीत कर करोड़पति बन गयी।