शहर में ठेकेदार ने अधिकारियों से साठगांठ कर अमृत के हर कनेक्शन पर 1500 रु. तक अवैध वसूली की

ग्वालियर. शहर के लिए वरदान लेकर आई अमृत योजना की आड़ में धांधली चल रही है। अमृत योजना से लोगों के घरों तक निःशुल्क कनेक्शन दिए जाने थे और इन सभी कनेक्शनों के पैसे सरकार ने ठेकेदार को दिए लेकिन इसके बाद भी ठेकेदार ने लोगों से 1500 रुपये प्रति कनेक्शन के हिसाब से अवैध वसूली की है। अवैधी वसूली की जानकारी मिलने पर वार्ड 51 के हैदरगंज के लोगों ने बताया कि ठेकेदार ने उनसे पैसे लिए है और इसकी रसीद भी नहीं दी है। स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया तो पीएचई के कर्मचारी मौके पर पहुंचे थे और उन्होंने पैसे वापस कराने को कहा लेकिन यह पैसे आज तक वापस नहीं मिले है।

ठेकेदारों ने अधिकारियों के साथ साठगांठ कर अवैध वसूली की

अमृत योजना के तहत 44 हजार घरों में नल कनेक्शन दिए गए है, प्रत्येक नल कनेक्शन के लिए सरकार ने ठेकेदार को 3000 रुपये का भुगतान भी किया है। नल कनेक्शन देते हुए जनता से पैसे नहीं लेने थे यह कनेक्शन आमजनों को मुफ्त दिए जाने थे लेकिन इसके बाद भी ठेकेदारों ने अधिकारियों के साथ साठगांठ कर अवैध वसूली की है। प्रत्येक व्यक्ति से 1500 रुपये लिए गए है। हैदरगंज में करीब 800 कनेक्शन दिए गए है ऐसे में ठेकदार ने 12 लाख रुपये की अकेले हैदरगंज से ही अवैध वसूली की है। यही हाल शहर के अन्य इलाकों का भी है, ठेकेदार ने लोगों से कहा कि नए नल कनेक्शन अमृत योजना में दिए जा रहे है इसलिए इसके पैसे लगेंगे, लोगों को पता नहीं था इसके चलते उन्होंने पैसे दिए।

ठेकेदार आधार कार्ड की फोटो कॉपी भी ले गए

ठेकेदार ने रहवासियों से नल कनेक्शन देते समय आधार कार्ड की फोटो कॉपी भी ली। इतना ही नहीं जब उन्होंने कहा कि वे 1500 रुपये की रसीद दें तो इस पर उन्हें रसीद बिल के साथ आने का जवाब मिला, बिल तो दूर की बात रहवासियों के घरों में अभी तक पानी भी नहीं पहुंचा है।