एग्रीमेंट हुआ नहीं और मंत्री को गुमराह करने बस में बैठा दिया

ग्वालियर। स्मार्ट सिटी योजना के तहत शहर के अंदर और भोपाल, इंदौर सहित अन्य शहरों तक एसी बसें चलाई जाना है। ग्वालियर स्मार्ट सिटी डवलपमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड चार बार टेंडर कॉल कर चुका है लेकिन कोई भी ऑपरेटर बस चलाने को तैयार नहीं हुआ। पिछले दिनों पांचवीं बार टेंडर कॉल किए जिसमें भी ग्वालियर का ही एक ऑपरेटर आगे आया। अभी उससे एग्रीमेंट हुआ नहीं है कि गुरुवार को स्मार्ट सिटी के अधिकारियों ने एक शोरूम से बस मंगाकर बाल भवन में खड़ी कर दी और नगरीय विकास एवं आवास मंत्री माया सिंह को उसमें बैठा दिया।

अधिकारियों ने मंत्री को योजना की विस्तृत जानकारी दी तो उन्होंने भी मीडिया से चर्चा में इस सेवा का गुणगान कर दिया। मंत्री को गुमराह करने का मामला पकड़ में आते ही अधिकारी बचाव की मुद्रा में आ गए। बस सेवा शुरू होने की खुशी में निगमायुक्त विनोद शर्मा के साथ ही एमआईसी सदस्य धर्मेन्द्र राणा व पार्षद जबर सिंह भी फोटो खिंचाने बस में बैठ गए। चूंकि बस चलाने की कवायद पिछले डेढ़ साल से चल रही है। ऑपरेटर दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। अभी फर्म ने भी एग्रीमेंट नहीं किया है इसलिए सवाल खड़े हो रहे है।

मंत्री माया सिंह ने सिटी बस का अवलोकन करने के साथ ही निगमायुक्त विनोद शर्मा से सिटी बस संचालन, बस स्टैंड व यात्रियों को उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली। बस अवलोकन के दौरान उन्होंने इसे नागरिकों के लिए बेहतर सौगात बताते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि इसका व्यापक प्रचार प्रसार किया जाए। निगमायुक्त श्री शर्मा ने उन्हें बताया कि सिटी बस संचालन की सभी व्यवस्थाएं की जा रही हैं। कुछ दिनों में ही शहरवासियों के बस सेवा शुरू कर दी जायेगी।