दिल्ली: फर्जी इंटरनेशनल टेलीफोन एक्सचेंज का भंंडाफोड़, गिरफ्तार आरोपी ने उगले कई राज़

नई दिल्ली. दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल ने अवैध इंटरनेशनल टेलीफोन एक्सचेंज का भंडाफोड़ किया है. इस फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज के जरिए विदेशों में अवैध तरीके से कॉल की जा रही थी, जिसके चलते भारत सरकार के दूरसंचार विभाग को करोड़ों रुपये का चूना लग रहा था. इस मामले में बुलंदशहर के रहने वाले नबाब खान को गिरफ्तार किया गया है.

ये चीजें की गईं बरामद

पुलिस के मुताबिक, ये टेलीफोन एक्सचेंज GSM और SIP ट्रंक इंटरनेट कॉलिंग पर आधारित था. स्पेशल सेल को कुछ खुफिया जानकारी मिली थी, जिसके बाद अंसारी रोड, दरियागंज में रेड की गई और तब यह पता चला कि कटियाल हाउस के तीसरे माले पर यह एक्सचेंज चलाया जा रहा है. स्पेशल सेल और टेलीफोन विभाग की टीम में रेड की और दो सर्वर बरामद किए हैं. जिनमें 2500 लाइन जुड़ी हुई थीं. इनके अलावा 3 हाईस्पीड राउट्स और 3 लैपटॉप बरामद किए गए हैं. 14 जनवरी को भी इस तरह का एक फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज झिलमिल कॉलोनी शहादरा से मिला था. यहां से भी फर्जी कॉल कराने के तमाम इलेक्ट्रॉनिक समान बरामद हुए थे.

गिरफ्तार आरोपी ने उगले हैं कई राज

गुप्त सूचना के बाद डीसीपी प्रमोद कुशवाह के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई थी, जिसके बाद इस फर्जी टेलीफोन एक्चेंज का खुलासा किया गया. बुलंदशहर के गिरफ्तार आरोपी ने कई खुलासे स्पेशल सेल के सामने किए हैं. सूत्रों के मुताबिक, इस फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज के जरिये ज्यादातर हवाला कारोबारी बात कर रहे थे. स्पेशल सेल और दूसरी एजेंसियों को शक है कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के लिंक्स इस टेलीफोन एक्सचेंज के पीछे हो सकते हैं. वहीं, कई छोटे-बड़े हवाला कारोबारी भी इसका फायदा उठा रहे थे. पुलिस ने कहा कि पकड़ा गया आरोपी एक कड़ी है, असली किरदारों के लिए एजेंसियां धरपकड़ कर रही हैं.

कुछ साल पहले ISI कनेक्शन वाले एक्सचेंज मिले थे

बता दें कि एजेंसियों का शक इसलिए गहरा रहा है कि कुछ साल पहले देश में कई ऐसे फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज का खुलासा अलग अलग राज्यों की पुलिस ने किया था, जिसमें सीधे इस तरह के फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज पाकिस्तान खुफिया एजेंसी ISI के इशारे पर चलाए जा रहे थे और इसका इस्तेमाल देश की गोपनीय जानकारी हासिल करने के लिए किया जाता था.