खुलासा: 'बाबा का ढाबा' के मालिक कांता प्रसाद ने नींद की गोलियां खाने से पहले पी थी शराब
दिल्ली. राजधानी दिल्ली (Delhi) के फेमस बाबा का ढाबा के मालिक 80 साल के कांता प्रसाद (Kanta Prasad) को गुरुवार रात अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पुलिस के मुताबिक कांता प्रशाद ने आत्महत्या की कोशिश की थी. दिल्ली पुलिस सूत्रों के मुताबिक, बाबा के ढाबा के मालिक कांता प्रसाद ने घटना वाले दिन सुबह से शराब पी और फिर नींद की काफी गोलियां खा ली. परिवार का कहना है कि लॉकडाउन के चलते पिता काफी तनाव में रहने लगे थे. उनका ढाबा भी बंद हो गया था. एक पुराना मामला भी चला था. उसको लेकर भी तनाव था उन्हें. पर परिवार ने किसी पर कोई शक नहीं जताया है. न किसी पर कोई आरोप लगाया है. पुलिस का कहना है अगर कोई शिकायत मिलेगी तो आगे लीगल कार्यवाही की जाएगी. पुलिस को बेटे ने भी यही बयान दिया है.
फिलहाल सफदरजंग अस्पताल में कांता प्रसाद का इलाज जारी है. हाल ही में खबर आई थी कि आर्थिक परेशानियों के चलते उन्हें अपना रेस्टोरेंट बंद करना पड़ा था और वे सड़क किनारे स्टॉल पर वापस आ गए थे.
रेस्टोरेंट पर लग गया था ताला
बीते साल दिसंबर में 80 वर्षीय प्रसाद ने दिल्ली के मालवीय नगर में एक नए रेस्टोरेंट की शुरुआत की थी. उन्होंने इसका नाम भी 'बाबा का ढाबा' रखा था और यह उनके स्टॉल से कुछ मिनटों की दूरी पर ही था. समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, बाबा ने कहा, 'खाने की नई जगह 15 फरवरी को बंद करनी पड़ी. इसे चलाने में एक लाख रुपये का खर्च आ रहा था और हमें 36 हजार रुपये कर्मचारियों को देना पड़ते थे और किराया 35 हजार रुपये महीना था. इसमें बिजली, पानी का बिल आदि खर्चे भी थे. निवेश की तुलना में रिटर्न कम मिला, तो इसे बंद करना जरूरी था, क्योंकि हमें नुकसान हो रहा था.'
दिल्ली के एक फूड ब्लॉगर गौरव वासन ने बीते साल 7 अक्टूबर को एक वीडियो शेयर किया था, जिसमें वासन ने प्रसाद के खाने के स्टाल के बारे में बताया था. इस वीडियो में बुजुर्ग दंपति परेशान नजर आ रहे थे. सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कई लोग बुजुर्गों की मदद के लिए आगे आए थे. इस दौरान उन्हें देशभर से बड़ी आर्थिक मदद भी मिली थी.