नेटबैकिंग फ्रॉड करने वाला 8 वर्षो के बाद आरोपी विवेक साहू गिरफ्तार, पासवर्ड समय नहीं बदलने वाले होते थे टारगेट
ग्वालियर. वर्ष 2018 के नेटबैकिंग फ्रॉड मामले में राज्य सायबर पुलिस ने 8 वर्षो के बाद आरोपी को यूपी के प्रयागराज से गिरफ्तार किया है। आरोपी ने महिला के खाते से 10 हजार रूपये ट्रांसफर किये थे। पुलिस लम्बे समय से उसकी तलाश कर रही थी। कंपू निवासी उषा अहिरवार ने 2018 में शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी नेटबैंकिंग हैक कर 10 हजार रूपये दूसरे खाते में ट्रांसफर कर दिये गये। मामले में राज्य साइबर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की।
आईपी एड्रेस से आरोपी की पहचान
जांच के दौरान जिन नेटबैंकिग खातों से इस्तेमाल हुआ। उनके आईपी एड्रेस के एनालिसिस किया गया। इससे आरोपी की लोकेशन प्रयागराज में मिली और उसकी पहचान विवेक साहू के रूप में हुई। राज्य साइबर सेल की टीम 2 दिन पूर्व प्रयागराज पहुंची और आरोपी विवेक साहू को गिरफ्तार करके ग्वालियर लायी है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
मुंबई-पुणे में ठगी के तरीके सीखे
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह 2018 में मुंबई और पुणे में सक्रिय ठगों के संपर्क में आया था। वहीं से उसने ऑनलाइन फ्रॉड के तरीके सीखे और बाद में खुद का नेटवर्क बनाकर वारदातें कीं।
फ्रॉड की राशि कम होने के कारण पहले जांच धीमी थी। हाल में पुराने मामलों की समीक्षा के दौरान इस केस को दोबारा जांच में शामिल किया गया, जिसके बाद गिरफ्तारी संभव हुई। आरोपी ने बताया कि जो यूजर लंबे समय तक नेटबैंकिंग पासवर्ड नहीं बदलते, वे आसान लक्ष्य होते हैं। ऐसे खातों को हैक करना उसके लिए आसान रहता था।