चंबल परियोजना के साथ अपर ककैटो-तिघरा पाइप लाइन को भी प्राथमिकता दें – विवेक शेजवलकर

ग्वालियर चंबल परियोजना के साथ-साथ अपर ककैटो से तिघरा तक पाइप लाईन बिछाने के काम को भी प्राथमिकता दें, जिससे दीर्घकाल तक ग्वालियर शहर की पेयजल आपूर्ति होती रहे। यह बात सांसद विवेक शेजवलकर ने जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में संबंधित अधिकारियों से कही। उन्होंने अमृत योजना के तहत बनाई गई पेयजल की टंकियों को शेष सभी डीएमए (डिस्ट्रिक्ट मीटरिंग एरिया) से मिलान करने पर भी विशेष बल दिया। साथ ही कहा कि डीएमए का आईसोलेशन व कैपिंग करें, जिससे ऊँची बस्तियों तक पानी पहुँच सके। बैठक में जानकारी दी गई कि चंबल पेयजल परियोजना के लिए राज्य स्तरीय तकनीकी समिति और उच्च शक्ति प्राप्त संचालन समिति से स्वीकृति प्राप्त हो चुकी है। अगले एक हफ्ते के भीतर इसके टेण्डर जारी होने की उम्मीद है।
बुधवार को जिला पंचायत के सभागार में सांसद की अध्यक्षता में आयोजित हुई दिशा की बैठक में ग्वालियर में दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए निर्माणाधीन देश के पहले स्पोर्ट्स सेंटर सह स्टेडियम, रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास प्रस्तावित आगरा-ग्वालियर 6 लेन मार्ग शहर में प्रस्तावित फ्लाई ओवर, मुरार नदी जीर्णोद्धार, वेस्टर्न बाइपास, अमृत-2 एवं घाटीगाँव व भितरवार क्षेत्र के 186 गाँवों व साडा क्षेत्र के 28 गाँवों के लिये बनी समूह जल प्रदाय योजनाओं सहित अन्य बड़े-बड़े कार्यों को मूर्तरूप देने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा हुई। साथ ही मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना, शहर की पेयजल व्यवस्था, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत, जल जीवन मिशन के तहत ग्रामीण क्षेत्र में निर्माणाधीन नल-जल योजनाएँ, लंबित नामांतरण प्रकरणों का निराकरण व स्वामित्व योजना की बैठक में विस्तार से समीक्षा हुई। शहर की यातायात व्यवस्था और भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध पर भी बैठक में चर्चा हुई।

जून माह में कराएँ देश के पहले दिव्यांग स्टेडियम का लोकार्पण
ग्वालियर शहर में दिव्यांगों के लिये निर्माणाधीन अंतर्राष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाओं से सुसज्जित देश के पहले स्टेडियम सह स्पोर्ट्स सेंटर का लोकार्पण जून माह तक कराने के निर्देश निर्माण एजेन्सी को दिए। अंतर्राष्ट्रीय स्तर के दिव्यांग स्टेडियम का निर्माण गोला का मंदिर मुरैना लिंक रोड़ पर ट्रिपल आईटीएम के सामने लगभग 35 एकड़ जमीन पर 150 करोड़ से अधिक लागत से हो रहा है। लगभग 8 हजार खेल प्रेमियों की क्षमता वाले इस स्टेडियम में विभिन्न खेलों के लिये आउटडोर व इनडोर खेल परिसर बनाए गए हैं।
मुरार नदी जीर्णोरद्धार एवं सौंदर्यीकरण की धीमी प्रगति पर जताया असंतोष
मुरार नदी जीर्णोद्धार कार्य की धीमी प्रगति पर असंतोष जताया। साथ ही कार्य एजेंसी से कहा कि इस कार्य को प्राथमिकता दें और तेजी से काम आगे बढ़ाएँ। कलेक्टर ने संबधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुरार नदी के जीर्णोद्धार कार्य की हर दिन की प्रगति नगर निगम के नोडल अधिकारी को उपलब्ध कराएँ। साथ ही जीर्णोद्धार कार्य में बाधा बन रहे सभी अतिक्रमणों की इकजाई सूची जल्द से जल्द उपलब्ध कराएँ, जिससे इन अतिक्रमण को हटाया जा सके। ज्ञात हो नमामि गंगे परियोजना के तहत प्रथम चरण में लगभग 39 करोड़ रूपए की लागत से मुरार नदी का जीर्णोद्धार एवं सौंदर्यीकरण कार्य कराए जा रहे हैं।