पीडि़त नर्स ने अपनी बेटी के साथ मुख्यमंत्री से मांगी इच्छा मृत्यु
ग्वालियर. जयारोग्य चिकित्सालय में पदस्थ नर्स को 6 माह वेतन नहीं मिलने के बाद भी पदस्थ अधिकारी रात को 8 बजे मिलने के लिये बुलाते हैं। कहते हैं कि पास आओगी तो पूरी सैलरी मिल जायेगी। इस व्यवस्था से तंग आकर नर्स ने अपनी बेटी के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इच्छा मृत्यु की मांग की है। नर्स ने आरोप लगाया है कि गजराराजा मेडीकल कॉलेज के डीन और जयारोग्य चिकित्सालय के अधीक्षक की प्रताड़ना से तंग आकर उसने यह कदम उठाया है। पीडि़त नर्स ने मुख्यमंत्री से 15 दिन के अंदर इच्छा मृत्यु की अनुमति देने या उक्त अधिकारियों को हटाने की मांग की है।
अकेले मिलने बुलाते हैं-नर्स
बता दें कि मूल रूप से इंदौर की रहने वाली पूनम सरनकर वर्तमान में ग्वालियर स्थित जयारोग्य चिकित्सालय में बतौर नर्सिंग ऑफिसर पदस्थ हैं। पूनम ने 5 अप्रैल को मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखा है, जिसमें उसने अपनी बेटी के साथ इच्छा मृत्यु के लिए अनुमति दिए जाने की मांग की है। पूनम का आरोप है कि उसे छ माह से वेतन नहीं मिला है। ऐसे में परिवार का भरण पोषण करना मुश्किल हो गया है। पूनम ग्वालियर में बेटी व माता पिता के साथ किराए के मकान में रहती है, जबकि उनका पति इंदौर में छोटा मोटा कारोबार कर अपना गुजारा करते हैं।