BB 15: प्रतीक सहजपाल के लिए दोस्त निशांत भट्ट हैं बेहद दुखीं, तेजस्वी बोलीं- जो वो करता था, वो उसे आज मिला
बिग बॉस 15 (Bigg Boss 15) में रोज नए धमाके हो रहे हैं. शो में लगातार आ रहे ट्विस्ट एंड टर्न दर्शको का भरपूर मनोरंजन कर रहे हैं. जंगलवासियों और घरवालों के बीच हुई लंबी लड़ाई के बाद बिग बॉस ने कंटेस्टेंट्स को अपनी गलती सुधारने का एक मौका भी दिया. इसके लिए बिग बॉस ने सभी घरवालों को एक टास्क दिया, जिसको जीतने के बाद करण कुंद्रा (Karan Kundra), तेजस्वी प्रकाश (Tejasswi Prakash), विशाल कोटियन (Vishal Kotian) और शमिता शेट्टी (Shamita Shetty ) के बाद उमर रियाज (Umar Riaz) और अफसाना खान (Afsana Khan) के आखिरी राउंड में जीत के साथ ‘एक्सेस ऑल एरिया’ का टिकट अपना नाम कर लिया है. इसके साथ ही ये टास्क खत्म हो गया है.
इस टास्क के बाद दोस्त प्रतीक सहजपाल (Pratik Sehajpal) को बिग बॉस (Bigg Boss ) के मेन घर में न देखकर उनके दोस्त बिग बॉस ओटीटी के साथ निशांत भट्ट (Nishant Bhat) काफी दुखी हैं. अपने इस दुख को वह तेजस्वी प्रकाश (Tejasswi Prakash) के साथ बांटते नजर आए. तेजस्वी से बात करते हुए निशांत ने कहा कि मुझे बहुत बुरा लग रहा है कि प्रतीक ने बहुत कोशिश की लेकिन निष्पक्ष खेलने का मौका नहीं मिला.
जो बोया वो कांट रहा है
इसके जवाब में तेजस्वी ने कहा कि बुरा मत मानो, मैं सबके सामने यह बता सकती हूं कि वह आदमी कभी भी निष्पक्ष खेलने में विश्वास नहीं करता था तो उसने बस अपनी ही दवा का स्वाद चखा है.
अब प्रतीक को होगा महसूस
तेजस्वी दूसरे घरवालों से भी प्रतीक के बारे में बात करती नजर आईं. प्रतीक के बारे में चर्चा करते हुए तेजस्वी ने कहा कि उसने (प्रतीक) ने कई बार अनुचित खेला है लेकिन अब समय आ गया है कि उन्हें वापस मिल जाए. अब वह वही महसूस करेगा, जो हमने महसूस किया था.
शमिता शेट्टी ने भी कहीं ये बात
इस मामले पर शमिता शेट्टी ने कहा कि प्रतीक ने कई बार नियमों को तोड़ा है और खामियों को ढूंढ़कर दूसरों के कामों को नष्ट किया है और अब वही उसके पास वापस आ रहा है. उसने कई बार दूसरों के साथ अन्याय किया है.
‘एक्सेस ऑल एरिया’ के लिए जय-प्रतीक की थी जोड़ी
‘एक्सेस ऑल एरिया’ के टिकट के लिए ये टास्क जोड़ियों में खेला जा रहा था. इस टास्क में प्रतीक के साथी जय भानुशाली थे. दरअसल, जय प्राइजमनी को खोकर घर में प्रवेश नहीं करना चाहते थे. इसलिए उन्होंने प्रतीक खेलने नहीं दिया. निशांत ने भी जय को रोकने की कोशिश की जिससे प्रतीक खेल सके लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ. हांलाकि, ये मौका गंवाने के बाद प्रतीक परेशान थे.