नगर निगम में रिकॉर्ड जलाए जाने के मामले में जोन-11 के क्षेत्राधिकारी को निलंबित किया
नगर निगम में रिकॉर्ड जलाए जाने के सनसनीखेज मामले में बढ़ते दवाब के बीच निगम प्रशासन ने अब जोन 11 के क्षेत्राधिकारी आशीष राजपूत को निलंबित कर दिया है साथ ही इस क्षेत्रीय कार्यालय के टाइम कीपर और डब्ल्यूएचओ को भी साजिश में शामिल मानते हुए उनकी सेवाएं समाप्त करने के लिए नोटिस जारी किए गए है।
जानकारी के अनुसार ताजा फेरबदल के बाद अब उपयंत्री पुष्पेन्द्र श्रीवास्तव को क्षेत्र क्रमांक 11 के क्षेत्राधिकारी का चार्ज दिया गया है हालांकि सूत्रों की मानें तो यह सारा खेल निगम के एक पूर्व सिटी प्लानर से जोड़कर देखा जा रहा है। दरअसल जोन 11 के जेडओ, टाइम कीपर और डब्ल्यूएचओ ने मिलीभगत के चलते यहां से तमाम वो रिकॉर्ड आगे के हवाले कर दिया जो सीपी के रिश्वतकांड से मचे बवंडर के बाद चल रह पड़ताल के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण साबित हो सकता था। इसके बावजूद आला अफसरों को अंधेरे में रखकर व निर्धारित प्रक्रिया को ठेंगा दिखते हुए फाइलें को जलाने का जो संगीन मामला सामने आया वो बेहद गंभीर माना जा रहा है।
वहीं अब कोरोना संक्रमण के खात्मे के लिए नगर निगम द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में सेनेटाइजेशन का जो काम किया जा रहा है उस पर तकनीकी तौर पर सवाल उठने लगे है। इस अभियान के तहत नगर निगम द्वारा सभी 66 वाडऱ्ों में अलग-अलग टीम बनाई गई है। इन टीम के सदस्यों द्वारा सभी वाडऱ्ों में घरों के दरवाजों, बाउंड्रीवॉल, बॉलकनी, रेलिंग व छूने योग्य सभी स्थानों को सोडियम हाइपो क्लोराइड का छिड़काव कर सेनेटाइज किया जा रहा है।