ट्रैफिक सुगमता के लिए बनेगी त्रिभुजाकार रोटरी एलएनआईपीई के सामने से तानसेन राेड आरओबी पर चढ़ सकेंगे वाहन
तानसेन रोड की गार्डर वाली पुलिया पर बनने वाले आरओबी का अपने हिस्से का काम पीडब्ल्यूडी का सेतु संभाग तेजी से कर रहा है, लेकिन रेलवे की देरी के कारण इस आरओबी के निर्माण में अभी 6 माह का समय और लगेगा। कारण, रेलवे को 65 मीटर गार्डर लांच करने के लिए रेल संरक्षा आयुक्त ने अब तक मंजूरी नहीं दी है।
यहां सब-लाइन और यार्ड होने के कारण रेलवे को गार्डर लांचिंग के लिए अस्थायी पिलर खड़े करने में दिक्कत आ रही है, जिस कारण आरओबी का काम पूरा होने में देरी हो रही है। इसका खामियाजा हजीरा और तानसेन रोड क्षेत्र की लगभग दो लाख की आबादी को भुगतना पड़ रहा है। वे 4 किमी लंबा चक्कर लगाकर पड़ाव होते हुए रेसकोर्स रोड पहुंच रहे हैं।
तानसेन आरओबी बनने में अभी 6 महीने लगेंगे
लंबाई 765 मीटर
चौड़ाई 12 मीटर
लागत 35.81 करोड़
प्रोजेक्ट: अभी तक 75 फीसदी पूरा
एलएनआईपीई के सामने बनेगी त्रिभुजाकार रोटरी
तानसेन रोड पर बनने वाले आरओबी पर जाने के लिए रेसकोर्स रोड से एलएनआईपीई के सामने से चढ़ना होगा। यहां पीडब्ल्यूडी का सेतु संभाग त्रिभुजाकार रोटरी बनवाएगा। रेसकोर्स रोड पर एक और डिवाइडर नगर निगम के क्षेत्रीय कार्यालय से लेकर कृषि कॉलेज से पहले तक बनाया जाएगा। इसके लिए 7 मीटर रोड छोड़ी जाएगी, जिससे स्टेशन से रेसकोर्स रोड होकर गोला का मंदिर जाने वाले वाहन सीधे निकल सकें। साथ ही डिवाइडर बनाकर एक रोड और बनेगी। इसकी चौड़ाई से 5 से 6 मीटर के बीच होगी। इस रोड से आरओबी पर चढ़कर सीधे तानसेन रोड पर निकल सकेंगे।
स्टेशन जाने व गोला का मंदिर से आने वाले वाहन चक्कर काटकर पहुंचेंगे
गार्डर वाली पुलिया के ऊपर बनने वाले आरओबी के लिए कृषि कॉलेज की 10 मीटर बाउंड्रीवॉल पीछे की गई है। तानसेन रोड से आरओबी होकर आने वाहन चालक सीधे गोला का मंदिर जा सकेंगे। यदि उन्हें स्टेशन रोड आना है तो कृषि कॉलेज के सामने बनाए जा रहे कट से मुड़ना होगा। जबकि गोला का मंदिर की तरफ से रेसकोर्स रोड पर आने वाले वाहन चालक यदि तानसेन रोड आरओबी से होकर जाना चाहेंगे तो उन्हें सैनिक पेट्रोल पंप के सामने प्रस्तावित कट से होकर मुड़ना होगा।
143 मीटर लंबी बनेगी कंक्रीट की दीवार
नगर निगम क्षेत्रीय कार्यालय के पीछे से कृषि कॉलेज की बाउंड्रीवाल तोड़कर आरओबी को रेसकोर्स रोड पर उतारा जा रहा है। इसके लिए 143 मीटर लंबी कांक्रीट की दीवार दोनों तरफ बनेगी जो आरओबी का हिस्सा होगी। इन दोनों दीवारों के बीच रेसकोर्स रोड की तरफ से आरओबी पर चढ़ने के लिए 18 मीटर चौड़ा ब्रिज बनाया जाएगा ताकि वाहनों को मोड़ने में परेशानी न हो और ट्रैफिक जाम की स्थिति न बने, जबकि मुख्य ब्रिज की चौड़ाई 12 मीटर रहेगी।
ट्रैफिक को सुगमता से निकालेंगे
तानसेन रोड पर बनने वाले आरओबी पर एलएनआईपीई के सामने से वाहन चालक चढ़ सकेंगे। इसके लिए एलएनआईपीई के सामने एक त्रिभुजाकार रोटरी बनाई जाएगी, जिससे सुगमता के से ट्रैफिक निकल सके। पीडब्ल्यूडी ने अपने हिस्से का काम 3 माह में पूरा कर लेगा। रेलवे की वजह से देरी हो रही है।
-संजय जैन, प्रोजेक्ट इंजीनियर, सेतु संभाग