गणतंत्र दिवस से तीन दिन पहले रिटायर्ड सूबेदार को मिला उसके सपनों का आशियाना
26 जनवरी (गणतंत्र दिवस) से ठीक तीन दिन पहले सेना से रिटायर्ड सूबेदार को अपने सपनों का आशियाना वापस मिला है। इस मकान पर पिछले डेढ़ साल से शहर के कुछ दबंगों ने कब्जा कर ताला डाल दिया था। तभी से वह थाना से लेकर एसपी और कलेक्टर कार्यालय तक गुहार लगा चुका था, पर दबंगों की पहुंच के चलते कोई फौजी की मदद नहीं कर रहा था।
आखिर में रिटायर्ड सूबेदार संजय ने सीएम हेल्प लाइन में शिकायत की। चंद दिनों में सीएम ऑफिस से कलेक्टर को कॉल आया और तत्काल कब्जा हटाकर मकान वापस दिलाने के निर्देश दिए गए। शनिवार दोपहर जिला प्रशासन की टीम फोर्स लेकर पहुंची और मकान पर लगे ताले को तोड़कर फौजी को उसका मकान वापस दिलाया है। साथ ही उनका माला पहनाकर और शॉल श्रीफल देकर सम्मान भी किया गया।
सितंबर 2018 में खरीदा था मकान
संजय सक्सैना सेना से रिटायर्ड सूबेदार हैं। 30 साल उन्होंने देश के लिए अपनी सेवा दी है। 30 अप्रैल 2018 को रिटायर्ड होने के बाद वह ग्वालियर में ही बसना चाहते थे। उनका परिवार व बच्चे आगरा में रह रहे थे। उन्होंने ग्वालियर में राधा कॉलोनी लूटपुरा के पास अपने भतीजे रवि सक्सैना से एक मकान दिलाने की बात कही। रवि ने अपना ही मकान जो 788 वर्गफीट का था खरीदने का प्रस्ताव दिया। करीब 16 लाख रुपए में 19 सितंबर 2018 को उन्होंने भतीजे से मकान खरीदकर रजिस्ट्री करा ली। अभी आगरा में बच्चों की पढ़ाई चल रही थी इसलिए मकान में कोई किराएदार रखने के लिए भतीजे को कहा। इस पर रवि ने खुद ही किराएदार बनने के लिए कहा। जब जुलाई 2019 में रिटायर्ड सूबेदार मकान पर कब्जा लेने पहुंचा तो वहां ताला लगा था। भतीजा रवि गायब था और उसका मोबाइल नंबर भी बंद आ रहा था। आसपास पूछा तो पता लगा कि इस मकान गोसपुरा के दबंग महेश भदौरिया, श्याम भदौरिया, नंदी तोमर निवासी चंदनपुरा, शिवा राजावत निवासी कांचमील और सोनू बाल्मीकि निवासी राजा की मंडी का कब्जा है। इनमें से महेश और नंदी तोमर भाजपा से जुड़े बताए गए हैं।
अफसर हर बार टरका देते थे
इस मामले में बीते डेढ़ साल से रिटायर्ड सूबेदार संजय सक्सैना थाना से लेकर सीएसपी ऑफिस, एसपी ऑफिस व कलेक्टर कार्यालय तक कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन किसी ने उनकी नहीं सुनी। अभी हाल ही में परेशान होकर फौजी ने मामले की शिकायत सीएम हेल्प लाइन पर की थी। सीएम हेल्प लाइन पर आई इस शिकायत को तत्काल गंभीरता से लिया गया। कलेक्टर को कार्रवाई कर मकान पर कब्जा दिलाने के लिए कहा गया। इसी सिलसिले में एसडीएम प्रदीप तोमर ने पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचकर संजय के मकान पर लगे ताले को तोड़ा और उनको कब्जा दिलाया गया।
मुझे उम्मीद नहीं थी कि मकान वापस मिलेगा
इस मामले में रिटायर्ड सूबेदार संजय सक्सैना का कहना है कि उनको तो विश्वास ही नहीं हो रहा है कि उनका घर वापस मिल गया है। जिस तरह से डेढ़ साल बीता है उससे तो लगता था कि अब कभी उनका घर का सपना पूरा नहीं हो पाएगा। अब वह गणतंत्र दिवस के ठीक तीन दिन पहले घर उनको मिलने से राहत मिली है।
सात दिन में हटाया कब्जा, दबंग ने बना रखा था कार वॉशिंग शोरूम
शनिवार को एंटी माफिया मुहिम के चलते जिला प्रशासन, पुलिस व नगर निगम के मदाखलत टीम ने हजीरा के भगवत सहाय कॉलेज परिसर के पास 2000 वर्गफीट को अतिक्रमण से मुक्त कराया है। यह शासकीय जमीन थी और कॉलेज परिसर में आती है। इस पर कुछ समय से दबंग गजेन्द्र लोधी ने कब्जा कर रखा था। सात दिन पहले उसने कार वॉशिंग शोरूम बना दिया था। शिकायत मिलने के बाद शनिवार को जिला प्रशासन की टीम वहां पहुंची। मदाखलत दस्ते ने कार वॉशिंग शोरूम तोड़ दिया। साथ ही करोड़ों की जमीन मुक्त कराई है।