सरकार का बड़ा फैसला, सरकारी दफ्तरों में बायोमैट्रिक हाजिरी अनिवार्य
भोपाल. राजधानी में मंत्रालय सहित विंध्याचल और सतपुडा भवनों से लेकर जिला स्तर के कार्यालयों तक बायोमैट्रिक अटैंडेंस की व्यवस्था प्रारंभ की जाए। अधिकारी-कर्मचारी निर्धारित समय पर कार्यालय पहुंचें और समय पर कार्यों को पूर्ण करें, इस पर वरिष्ठ अधिकारी नजर रखेंगे। जनता से जुडे सभी प्राथमिक कार्यों का समय पर निपटारा आवश्यक है। उक्त निर्देश सीएम मोहन यादव ने मंत्रालय में 21 प्रमुख कार्यों की समीक्षा बैठक में दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के माध्यम से साप्ताहिक शिविर और संवाद के गत तीन सप्ताह में अच्छे परिणाम मिल रहे है। त्योहार या अन्य कारणों से जब शुक्रवार को जन विश्वास अभियान के तहत शिविर और संवाद का आयोजन न हो सके तो आगामी दिवस अर्थात शनिवार को यह कार्यवाही की जाए।
मुख्मंत्री ने निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी की निशुल्क रजिस्ट्री के लिए अधिकार अभिलेखों के पंजीयन, जिला स्तर पर राजस्व और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग नर्मदा समग्र मिशन की स्थापना और क्रियान्वन के लिए आवश्यक कार्यवाही को शीघ्र पूर्ण किया जाए। गुजरात, सूरत जल भंडारण मॉडल, कर्मभूमि से जन्म भूमि अभियान के समान प्रदेश में अभियान प्रारंभ करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में पेयजल प्रदेश और सीवरेज के कार्यों का उचित प्रबंधन करें। निकायों की आदर्श कार्मिक संरचना में उपलब्ध पदों पर कार्यरत पीएचई के इच्छुक तकनीकी अधिकारियों और कर्मचारियों का वन टाइम संविलियन किया जाए।