ग्वालियर समेत 16 नगर निगमों को मिलेंगे आधुनिक फायर वाहन, 12 हजार लीटर होगी क्षमता
ग्वालियर. प्रदेश में भीषण आगजनी की घटनाओं से निपटने और राहत एवं बचाव कार्यों को तेज करने के लिए सरकार अग्निशमन व्यवस्था को मजबूत करने जा रही है। इसके तहत प्रदेश के 16 नगर निगमों और 5 प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों सहित 21 स्थानों पर 12 हजार लीटर क्षमता वाले आधुनिक वाटर बाउजर तैनात किए जाएंगे। मध्य प्रदेश अर्बन डेवलपमेंट कंपनी ने इन वाहनों की खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। आधुनिक तकनीक से लैस ये वाहन बहुमंजिला इमारतों, औद्योगिक इकाइयों और आगजनी की बड़ी घटनाओं में बचाव कार्यों को गति देने में मदद करेंगे। इनमें वाटर मॉनिटर, फोम सिस्टम और हाई-प्रेशर पंप जैसी सुविधाएं होंगी। इनकी मदद से तेज दबाव के साथ पानी और फोम का इस्तेमाल कर आग पर काबू पाने की क्षमता बढ़ाई जा सकेगी।
मप्र में 16 नगर निगम
योजना के तहत प्रदेश के सभी 16 नगर निगमों और पांच प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों को शामिल किया गया है। ग्वालियर, भोपाल, इंदौर, जबलपुर, उज्जैन, देवास, मुरैना, सतना, सागर, रतलाम, रीवा, कटनी, सिंगरौली, छिंदवाड़ा, बुरहानपुर और खंडवा शामिल हैं। पीथमपुर (धार), मंडीदीप (रायसेन), बानमोर (मुरैना), मालनपुर (भिंड) और मेघनगर (झाबुआ) को आधुनिक अग्निशमन वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे। इन वाहनों से शहरी क्षेत्रों के साथ औद्योगिक इकाइयों में आग लगने की स्थिति में भी त्वरित कार्रवाई करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
कर्मचारियों को मिलेगी ट्रेनिंग
योजना के तहत अनुबंध होने के 10 महीने के भीतर वाहनों की आपूर्ति पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके बाद 12वें महीने तक संबंधित नगरीय निकायों के अग्निशमन कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रत्येक संबंधित फायर स्टेशन पर कम से कम दो प्रायोगिक प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जाएंगे। इनमें वाहन संचालन, अग्निशमन उपकरणों के उपयोग, रखरखाव और आपातकालीन परिस्थितियों में बचाव कार्य करने की प्रक्रिया समझाई जाएगी। आधुनिक वाहन उपलब्ध कराने के साथ कर्मचारियों को प्रशिक्षित करने की व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जरूरत पड़ने पर इन संसाधनों का प्रभावी तरीके से इस्तेमाल किया जा सके।
पेयजल आपूर्ति को बेहतर बनाने की तैयारी, प्रदेश में खरीदे जाएंगे 111 मिनी वाटर टैंकर
बड़े वाटर बाउजर के अलावा प्रदेश के 90 नगरीय निकायों के लिए 111 मिनी वाटर टेंडर खरीदने की प्रक्रिया भी चल रही है। इनकी क्षमता 550 लीटर होगी, जिसमें 500 लीटर पानी और 50 लीटर फोम शामिल रहेगा। छोटे आकार के ये वाहन संकरी गलियों, घनी बस्तियों और ऐसे स्थानों पर उपयोगी होंगे, जहां बड़े अग्निशमन वाहनों को पहुंचने में परेशानी होती है। इनकी मदद से आग लगने की शुरुआती स्थिति में तेजी से मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करने में सहायता मिल सकेगी।
ग्वालियर, इंदौर और उज्जैन नगर निगमों को तीन-तीन मिनी वाटर टेंडर दिए जाएंगे
योजना के अनुसार, ग्वालियर, इंदौर, भोपाल, जबलपुर और उज्जैन नगर निगमों को तीन-तीन मिनी वाटर टेंडर दिए जाएंगे। अन्य नगर निगमों को दो-दो वाहन मिलेंगे, जबकि शेष नगरीय निकायों और औद्योगिक क्षेत्रों को एक-एक मिनी वाटर टेंडर उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। प्रदेश में बड़े वाटर बाउजर और मिनी वाटर टेंडर की खरीद से शहरी और औद्योगिक क्षेत्रों में अग्निशमन संसाधनों का विस्तार होगा। बड़े वाहन भीषण आग की घटनाओं में उपयोगी होंगे, जबकि मिनी टेंडर संकरी बस्तियों और तंग रास्तों तक पहुंचकर राहत कार्यों को गति देने में मदद करेंगे।