भोपाल नगर निगम का नवीन भवन बनेगा सुशासन का प्रतीक : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपालवासियों को भोपाल नगर निगम के नवीन मुख्यालय भवन की बधाई देते हुए कहा कि देश की क्लीन और ग्रीन कैपिटल, झीलों की नगरी भोपाल के नगर निगम का यह भवन सुशासन का प्रतीक बनेगा। भारत रत्न से सम्मानित पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेई ने जन सेवा को शासन का आधार माना था। पूर्व प्रधानमंत्री स्व. वाजपेयी के नाम पर स्थापित अटल भवन सुलभ, सुव्यवस्थित और पारदर्शी सेवाओं का केंद्र होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल नगर पालिक निगम के नवनिर्मित मुख्यालय "अटल भवन" के लोकार्पण अवसर पर कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह विचार व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि यह आधुनिक भवन शहर में सुशासन, बेहतर नागरिक सुविधाओं और विकास के नए संकल्प का प्रतीक बनेगा।

स्वच्छता शपथ पटल पर लिखा संदेश- 'भोपाल रहेगा स्वच्छता में नंबर-वन'

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नगर पालिक निगम भोपाल के नवनिर्मित भवन में फीता खोलकर भवन का लोकार्पण किया। उन्होंने भवन की शिलापट्टिका का अनावरण भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नवनिर्मित भवन का अवलोकन भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वच्छता शपथ पटल पर लिखा कि 'भोपाल स्वच्छता में रहेगा नंबर-वन'। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल नगर पालिक निगम द्वारा नीमच जिले के देवरी में लगभग 14 करोड़ रूपए की लागत से पीपीपी मोड पर विकसित की गई सौर ऊर्जा परियोजना का भी रिमोट का बटन दबाकर लोकार्पण किया। लोकार्पण समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. यादव का अंगवस्त्रम् तथा प्रतीक चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भवन लोकार्पण अवसर पर शहनाई वादन कर रहे श्री कल्लू भाई और उनके साथियों को प्रोत्साहन स्वरूप 5-5 हजार रूपए प्रदान करने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर भोपाल के प्रभारी तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री श्री चेतन्य काश्यप, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री श्रीमती कृष्णा गौर, नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी, भोपाल महापौर श्रीमती मालती राय, विधायकगण श्री रामेश्वर शर्मा, श्री भगवानदास सबनानी, श्री विष्णु खत्री तथा अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

भोपाल को मेट्रोपॉलिटिन सिटी के रूप में किया जा रहा है विकसित

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भोपाल नगर पालिक निगम का यह भवन ग्रीन बिल्डिंग कॉन्सेप्ट पर आधारित है। इस भवन का आकल्पन नागरिकों को सभी सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया गया है। भवन में सूर्य के प्रकाश और वेंटीलेशन की पर्याप्त व्यवस्था है, जो ऐतिहासिक रूप से प्रमाणित भारतीय वास्तुकला के सिद्धांतों के अनुरूप है। यह भवन अपनी ऊर्जा की आवश्यकताओं की पूर्ति स्वयं करेगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज नगर पालिक निगम भोपाल द्वारा नीमच के ग्राम देवरी में स्थापित 10.5 मेगावॉट की सौर ऊर्जा परियोजना का लोकार्पण भी किया है। इस भवन की बिजली आपूर्ति ओपन एक्सेस से नीमच के संयंत्र से की जाएगी। परिसर की पार्किंग में भी सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किया जा रहा है। यह भवन ऊर्जा और पर्यावरण संरक्षण का अद्भुत उदाहरण है। प्रदेश की राजधानी भोपाल का गौरव दिन-प्रतिदिन बढ़ रहा है। भोपाल को मेट्रोपॉलिटिन सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। रायसेन, सीहोर, विदिशा, राजगढ़ को भोपाल से जोड़ते हुए यह क्षेत्र विकास के नए सोपान तय करेगा।